राजधानी रायपुर के रमण मंदिर वार्ड में कांग्रेस की हार से नाराज कार्यकर्ताओं का गुस्सा राजीव भवन में फूटा – मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के सामने जमकर हुई नारेबाजी: पढ़िए पूरा मामला

रायपुर : आज राजधानी रायपुर के रमण मंदिर वार्ड में हार से नाराज कार्यकर्ताओं का गुस्सा राजीव भवन में फूटा. रमण मंदिर वार्ड के नाराज़ कांग्रेसी कार्यकर्ताओं ने राजीव भवन में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के सामने जमकर नारेबाजी कर दी. कार्यकर्ताओं का आरोप था की टिकट वितरण गलत किया गया एवं बाहरी को टिकट देने के कारण हार का मुह देखना पड़ा.

मुख्यमंत्री नारेबाजी को देखकर बिफर गए और उन्होंने कार्यकर्ताओं को फटकार लगा दी. उन्होंने नारेबाजी की वजह पूछी. कार्यकर्ताओं ने गलत टिकट वितरण की बात बताई और कहा की गलत टिकट देने की वजह से कांग्रेस पार्टी रमण मंदिर वार्ड से हार गई. कार्यकर्ताओं की शिकायत सुनने के बाद सीएम ने उनसे सवाल किया कि उन्होंने ये शिकायत जिला अध्यक्ष से की. कार्यकर्ताओं ने जवाब में कहा कि उन्होंने कोई शिकायत नहीं की है. जिससे भूपेश बघेल नाराज़ हो गए और उन्होंने पार्टी नेताओं को नारेबाजी करने वाले कार्यकर्ताओं को नोटिस देने की बात कही.

फैक्ट चेक

इस मामले पर हमारी टीम ने वार्डवासियों से बातचीत की तो पता चला की वार्ड में इस बार केवल तीन लोग ही चुनाव लड़ रहे थे रमण मंदिर वार्ड से भाजपा की जीत होती रही है लेकिन इस बार कांग्रेस की जीत होने की प्रबल सम्भावना थी. माहौल और वोटर दोनों कांग्रेस के पक्ष में थे. लेकिन कांग्रेस से अरुण जंघेल को टिकट देने के कारण आसिफ मेमन ने निर्दलीय चुनाव लड़ने का फैसला लिया.

आसिफ मेमन मूलतः कांग्रेसी नेता रहें है. साथ ही इस बार वो पार्षद पद के प्रबल दावेदार भी थे. टिकट नहीं मिलने पर उन्होंने दो पत्ती  चुनाव चिन्ह से निर्दलीय चुनाव लड़ा . उनके साथ वार्ड के वरिष्ट कांग्रेसियों ने भी कांग्रेस पार्टी का साथ छोड़ दिया. यानि वार्ड में कांग्रेस के साथ कोई भी नहीं बचा था और इसलिए कांग्रेस की हार हुई.

कांग्रेस अरुण जंघेल 1823 मत प्राप्त
निर्दलीय (दो पत्ती )  आसिफ मेमन 1574 मत प्राप्त
भाजपा    सूर्यकांत राठौर   2687 मत प्राप्त

इस समीकरण के हिसाब से अगर निर्दलीय चुनाव नहीं नहीं लड़ते तो  1574 वोट और कांग्रेस के खाते में जाने की पूरी सम्भावना थी. पार्टी की हार का जिम्मेदार वार्डवासी गलत टिकट वितरण होना मान रहें है.